वैद्य संस्कारम् कार्यक्रम में डॉ. नवीन जोशी सम्मानित, 100 से अधिक चिकित्सकों को दिया नाड़ी परीक्षण एवं मर्म चिकित्सा का व्यावहारिक प्रशिक्षण
हरिद्वार। आयुर्वेद के संरक्षण, संवर्धन एवं चिकित्सकीय कौशल के प्रसार के उद्देश्य से आयोजित वैद्य संस्कारम् कार्यक्रम में आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. नवीन जोशी को गुरुकुल के वरिष्ठ, **अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान (All India Institute of Ayurveda, New Delhi) के निदेशक एवं डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन राजस्थान आयुर्वेद विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति, आदरणीय प्रो. पी. के. प्रजापति के करकमलों द्वारा सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर डॉ. नवीन जोशी ने देशभर से आए 100 से अधिक आयुर्वेद चिकित्सकों को नाड़ी परीक्षण (Naadi Pariksha) एवं मर्म चिकित्सा (Marma Therapy) का हैंड्स-ऑन (व्यावहारिक) प्रशिक्षण प्रदान किया। प्रशिक्षण में उन्होंने नाड़ी परीक्षण की पारंपरिक एवं वैज्ञानिक विधियों, मर्म बिंदुओं की पहचान तथा विभिन्न रोगों में मर्म चिकित्सा के प्रभावी उपयोग का व्यावहारिक प्रदर्शन किया। प्रतिभागी चिकित्सकों ने प्रत्यक्ष अभ्यास के माध्यम से इन विधाओं का प्रशिक्षण प्राप्त किया।
कार्यक्रम का आयोजन आयुरांश फाउंडेशन द्वारा हरिद्वार में किया गया। देश के विभिन्न राज्यों से आए चिकित्सकों ने इस प्रशिक्षण को अत्यंत उपयोगी बताते हुए आयुर्वेदिक चिकित्सा के क्षेत्र में इसे एक महत्वपूर्ण पहल बताया।
सम्मान प्राप्त करने के उपरांत डॉ. नवीन जोशी ने कहा कि यह सम्मान उनके लिए अत्यंत गौरव, विनम्रता और प्रेरणा का क्षण है। उन्होंने कहा कि यह सम्मान केवल उनके कार्यों की सराहना नहीं, बल्कि आयुर्वेद के प्रति उनकी जिम्मेदारियों को और अधिक बढ़ाने वाला संकल्प है। उन्होंने इस उपलब्धि का श्रेय अपने गुरुओं के आशीर्वाद, सहकर्मियों के सहयोग और समाज के विश्वास को दिया।
